Overclocking क्या है और ये काम कैसे करते है ? What is Overclocking Explained in Details in Hindi

Overclocking क्या है और ये काम कैसे करते है ? What is Overclocking Explained in Details in Hindi


what is overclocking

Overclocking क्या है और ये काम कैसे करते है ? Hello दोस्त, आप सभी ने overclocking के बारे में जरूर सुना होगा फिर चाहे मोबाइल फोन की बात करे चाहे लैपटॉप्स की बात करे या डेस्कटॉप की बात करे लेकिन अभी भी आपके मन में एक doubt होगा की overclocking क्या है, कब कर सकते है, कब नहीं कर सकते है, कैसे काम करती है, मोबाइल फ़ोन में कैसे करते है, लैपटॉप्स में, कम्प्यूटर्स में कैसे काम करते है, - ये सब हमारे question होता है तो आज हम इसके पुरे explained के साथ बात करेंगे।


Overclocking क्या है ?


 देखिए overclocking में आपको दो शब्द सुनने को मिलते है - over और clock, clock मतलब हमको पता है की घड़ी, लेकिन वो actual घड़ी नहीं है और over मतलब हम उसको कुछ बढ़ा रहे है या उसके value हम change कर रहे है।



 overclock processor - हम जो कहते है overclock, उसका मतलब है हम processor को या फिर आप कह सकते हो की cpu की overclock, मतलब आप overclock processor में करते हो चाहे वो कोई भी device हो जिसमे processor होता है, लेकिन आप कुछ specific processor में ही overclock कर सकते हो।

Overclocking काम कैसे करते है ?

 हर एक processor में एक clock circuit लगा होता है वो chip के अंदर ही होता है, उस circuit का क्या काम होता है की वो बार बार अपनी value को जो वो देता है, output जो उसका आता है वो 0 या 1 आता है, ये उस circuit का काम होता है यानि की एक बार 0, एक बार 1 फिर 01010101 ऐसे चलता रहता है, उसको हम बोलते है उस CPU की या basically उस processors की clock.

 अब वो जो processor की clock है वो बहुत ही तेजी से काम करती है, पहले की दिनों में हम देखते थे की एक सेकंड में 500 बार फिर एक सेकंड में 5000 बार, 50000 बार, 500000 बार, आज की date में तो एक सेकंड में जो clock है modern अपने CPU होते है,

 जो modern processors होते है वो काम करते है 2 ghz पे या 3 ghz पे या फिर 4 ghz पे, उसकी जो clock है वो तो एक सेकंड में करोड़ो बार on या off हो जाती है, क्यूंकि वो जो ghz/mhz जो हम use करते है वो उस clock की स्पीड को ही हम denote करते है,

 जो basic unit होती है वो होती है hz, जैसे की मान लीजिये की 500 hz का processor है उसकी जो clock है वो एक सेकंड में 500 बार on या off होती है,

500 khz का अगर है तो -
500x1000 = 500000/second on या off होती है,

अगर 500 mhz का है तो -
500x100000 = 50000000/second

 और अगर आपका processor 2 ghz का है तो 2000000000/second बार clock जो है on या off  होती है,



 अब इसका on या off  होने से क्या होता है तो देखिये उस on या off होने को हम बोलते है 1 cycle यानि की एक बार on या off होना मतलब की 1 cycle complete हो गयी है, अब उस एक cycle में वो जो processor है उसपे depend करता है उसकी काबिलियत पे depend करता है की वो कितने सारे काम कर सकता है यानि की कितने सारे instruction जो उसको मिलते है उनको पूरा कर सकता है,


for example - अगर एक लाइट का bulb लगाया है और हमारे पास में normal switch है, हमने switch को अगर एक बार on किया और एक बार off किया तो उससे क्या होगा bulb एक बार जलेगा एक बार बुझ जायेगा, यानि की हमने एक काम पूरा किया, अब वही switch तो एक ही है,

 लेकिन मैंने क्या किया की master switch वगैरह लगाया है, और काफी सारे अलग अलग arrangement किया है और मैंने 10000 bulbs लगा दिया है, अब उस time पे जब मैं switch को off करके on करूँगा तो अलग अलग patterns हमको देखने को मिलेंगे, कही पे bulbs on होंगे, कही पे off होंगे, कही design चलेगा, कही पे blink होंगे, कही line बनेगी, तो वो सारे काम मैं तो एक ही switch में कर रहा हूँ।



 तो इसी तरीकेसे आप समझ रहे होंगे की एक normal processor यानि की एक basic processor और एक high-end processor में क्या differences होता है, clock speed के अलाबा frequency हम कह सकते है की दोनों 2 ghz पे काम करते है,


 लेकिन 2 ghz पे काम करने के बावजूत एक processor जो है वो तेजी से काम करते है क्यूंकि वो ज्यादा काम कर सकता है, एक cycle में और दूसरा processor कम काम करता है क्यूंकि वो एक cycle कम काम करता है।

intel processor and amd processor

 तो इसी तरीकेसे हमको मोबाइल फ़ोन और लैपटॉप, कम्प्यूटर में जो processor आते है intel या AMD वगैरह के तो उन सभी में हमको अलग अलग variants देखनेको मिलती है।

 लेकिन अब हम ये सोचते है की overclocking का मतलब क्या है, overclocking का मतलब ये है की वो जो clock लगी है जो clock का circuit लगाया है हम उसकी speed को बढ़ा दे, अभी अगर वो एक सेकंड में कुछ बार on या off होती है तो हम उसको बढ़ा के ज्यादा बार हम उसको on/off करवाएंगे, अब ज्यादा बार on/off करबायेंगे तो कंप्यूटर ज्यादा काम करेगा क्यूंकि वो हर एक cycle में कुछ काम करता है, तो जितनी ज्यादा cycle होंगे एक सेकंड में उतना ज्यादा वो output देगा।

 अब overclocking हम कैसे कर सकते है basically सबसे बड़ी बात हम ये ध्यान में रखते है, तो देखिये मोबाइल फ़ोन में तो आपने फ़ोन को एक बार root किया, iphones में नहीं हो सकता है, windows phone में नहीं होता है, मैं सिर्फ android की बात कर रहा हूँ, आपने अपने फ़ोन को root किया और root करने के बाद में बहुत सारे software गूगल playstore में available है जिनकी मदद से आप अपनी cpu की frequency को या gpu की frequency को, frequency basically clock होती है तो उसको आप कम या ज्यादा जो है वो कर सकते है।


overclocking

 for example - अगर आपका processor है 1.5 ghz का, आपने root किया अपने उसको software की मदद से 1.8 ghz कर लिया या 1.7 ghz कर लिया या 1.6 ghz कर लिया या फिर अगर चाहे तो आप उसको कम भी कर सकते है, आप उसको 1 ghz पे ला सकते है,

 आप उसको 0.8 ghz पे ला सकते है तो ये दोनों ही आपकी मर्जी की बाते होती है, अब उसको ज्यादा या कम करने से फर्क क्या पड़ेगा, performance में फर्क पड़ेगा, ज्यादा करेंगे तो performance बढ़ेगी, कम करेंगे तो performance कम होगी,

 लेकिन साथ साथ power conjumption में भी फर्क पड़ेगा, अगर आपने उसको ज्यादा कर दिया हे तो आपकी battery consumption ज्यादा हो जायेगा अगर आपने कम कर दिया है तो आपकी battery consumption कम हो जायेगा तो ये दो बाते साथ साथ में आते है,

 इसके अलाबा हमको processors की health का भी ध्यान रखना परता है, आप ऐसा नहीं की नहीं कर सकते की एक processor है इसकी speed है 1.5 ghz आपने उसको overclock करके कर दिया 5 ghz का तो वो जल जायेगा, आपकी chip जो है वो जल जाएगी क्यूंकि वो इतनी ज्यादा power consume करेगी की वो उसको handle नहीं कर पायेगा।

 तो overclocking कि एक safe लिमिट होती है, आप धीरे धीरे 0.1 ghz, 0.2 ghz करके अगर बढ़ाते है तो आप देख सकते है की हा आपका फ़ोन एकदम stable है, एकदम आराम से काम कर रहा है, तो वो ठीक है मतलब इसी तरीकेसे कुछ custom rom है जिसमे आपको अलग से एक भी overclocking software की जरुरत नहीं परती है, और कंप्यूटर में भी nvidia overclocking software की जरुरत नहीं परती है।



 for example - cyanogenmod, तो cyanogenmod में आपको settings में inbuilt एक option मिलता है जिसकी मदद से आप अपनी processor को overclock या underclock कर सकते है आप अलग अलग mods को try कर सकते है, performance mode, battery saving mode etc.

intel processor


Computer पर Overclocking काम कैसे करते है ?

 कंप्यूटर में क्या है अगर आपके पास में intel की 'K' series का processor है, K यानि की आपका जो model नंबर है processor का आप उसके उसके आखरी में अगर K लिखा है।

for example - i7 4790k overclock, और अगर आपके पास में एक ऐसा motherboard है जो overclocking को support करता है तो आप बड़े हि आराम से overclocking कर सकते है, आपको अपने BIOS settings में जाना पड़ेगा कुछ कुछ minor changes करने पड़ेंगे और आप overclocking कर पाएंगे, लेकिन उसके अंदर भी वही same चीजें है, अगर आप overclocking करेंगे तो आपके power consumption बढ़ेगा, processor heat होगा तो आपको एक अच्छा cooling system लेना पड़ेगा,



 या अगर आप underclock करते है तो power supply या power consumption जो है आपका basically वो काम हो जायेगा, लेकिन हम कंप्यूटर में तो कोई भी underclocking करेंगे नहीं,

 हम मोबाइल फोन में कर सकते है क्यूंकि हमको हो सकता है battery बचानी होती है, लेकिन कंप्यूटर में तो हम अगर करते है तो overclocking ही करते है underclocking तो कभी नहीं करते हम,

 और overclocking करने के लिए आपको intel का K series का processor होना जरुरी है, या फिर AMD के अंदर कुछ specific series है जो overclocking को support करती है, उनमें से कोई एक आपको processor होना चाहिए along with एक motherboard जो की overclocking को support करता है।

 तो फ़ोन में तो बड़े हि आसान से root कर लो और एक सॉफ्टवेयर को डाउनलोड कर लो, ऐसे बहुत सारी सॉफ्टवेयर, overclocking tool है , example gpu overclocking software - set cpu etc., आप गूगल playstore में जाकरके simply search करिये cpu overclock और फिर button दबाइये, बड़ा ही easy menu है, आप बच choose कीजिये की frequency आपको कितने चाहिए और आप बड़े आराम से overclock कर सकते है, 

 कंप्यूटर में आपके पास में specific hardware होना चाहिए overclock करने के लिए,

 लेकिन end result आप समझ गए है की आपको overclocking का क्या फायदा है और क्या नुकसान है,


Overclocking करने का नुकसान क्या है ?

 नुकसान ये है की अगर अपनी बेवकूफी दिखाई, अगर आपने ज्यादा ही लिमिट से बाहर कर दिया तो आपका फोन या कंप्यूटर जो है वो जल जायेगा, उसके अंदर आप कुछ और use नहीं कर पाएंगे।

Overclocking का लाभ क्या है ?

 अच्छी बात ये है की अगर आपने ठीक तरीकेसे overclock किया जैसे मैंने बताया तो आप थोड़ी सी power supply के बदले अपनी performance को काफी ज्यादा बढ़ा सकते है।

 इसके अलाबा और term होती है - overvolting और undervolting, तो ये एक अलग चीज़ है, ये frequency से related नहीं है, इसके अंदर हम जो CPU की voltage होती है उसको कम या ज्यादा करते है तो ये में आपको एक separate पोस्ट लिख करके बताउंगी।


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 तो आपको आज का हमारा यह Article (Overclocking क्या है और ये काम कैसे करते है ? What is Overclocking Explained in Details in Hindi) कैसा लगा नीचे कमेंट करके जरूर बताये और इससे related कुछ भी जानना है, तो भी मुझे नीचे कमेंट में जरूर बताये।

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आपका बहुमूल्य समय देने के लिए दिल से धन्यवाद,

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