Allergy in Hindi | एलर्जी क्या है, कारण, लक्षण और आयुर्वेदिक उपचार

Allergy in Hindi | एलर्जी क्या है, कारण, लक्षण और आयुर्वेदिक उपचार – Hello दोस्तों, एलर्जी एक बहुत बड़ी प्रॉब्लम है, किसी न किसी को किसी न किसी चीज से एलर्जी हो ही जाती है, जब एलर्जी होती है तब हमारे शरीर एकदम अलग तरह से behave करता है और जिसके चलते हमें बहुत परेशानी होती है।

 

तो आज हम इसी एलर्जी के कारण, लक्षण और इससे कैसे बच सकते हैं और इसके लिए आयुर्वेद में क्या उपचार है, उन सब के बारे में डिटेल में जानेंगे, अगर आपके शरीर में किसी न किसी चीज के कारण एलर्जी होती है तो आपको इस आर्टिकल से हेल्प जरूर मिलेगा। तो चलिए शुरू करते हैं –

 

Allergy in Hindi | एलर्जी क्या है, कारण, लक्षण और आयुर्वेदिक उपचार

 

एलर्जी क्या है ? (What is Allergy?)

 

किसी भी चीज के प्रति ज्यादा सेंसिटिव होना ही एलर्जी का नाम दिया है, जिसे साइंस की भाषा में एटोपी (atopy) भी कहते हैं। हमारे शरीर में एलर्जी किसी भी चीज से हो सकती है, मौसम में बदलाव, किसी खाने की चीज से, पालतु जानवर से, धूल से, धुएं से, कॉस्मेटिक्स से या दवाओं आदि से हो सकती है।

 

जब एलर्जी होता है तब हमारे शरीर का इम्यून सिस्टम कुछ खास चीजों को स्वीकार नहीं कर पाता है। इन चीजों के प्रति इम्यूनिटी असमर्थ तरह से रिस्पांस देती है। तो हमारे शरीर के इम्यूनिटी द्वारा दी जाने वाली रिस्पांस ही एलर्जी होती है।

 

वैसे देखा जाए तो ज्यादातर एलर्जी खतरनाक नहीं होती है लेकिन कभी कभी समस्या गंभीर हो जाती है।

 

एलर्जी को रोका जरूर जा सकता है, लेकिन इसके लिए एलर्जी पैदा करने वाले कारणों को पूरी तरह से खत्म करना होगा। वैसे एलर्जी फैलने वाली बीमारी नहीं है फिर भी यदि किसी को नाक बहने और आंखों से पानी आने वाली एलर्जी हो तो उससे दुरी बनाकर रहने में ही बेहतरी है। संभव हो तो उसके द्वारा इस्तेमाल किए गए सामान को भी इस्तेमाल न करें।

 

 

एलर्जी कितने प्रकार के होते है? (Types of Allergic Reaction in Hindi)

 

  1. डस्ट एलर्जी (Dust Allergy)
  2. लेटेक्स एलर्जी (Latex Allergy)
  3. मोल्ड एलर्जी (Mold Allergy)
  4. पालतू जानवर से एलर्जी (Pet Allergy)
  5. स्किन एलर्जी (Skin Allergy)
  6. आइ एलर्जी (Eye Allergy)
  7. ड्रग एलर्जी (Drug Allergy)
  8. ऐनाफिलेक्सिस (Anaphylaxis)

 

 

शरीर में एलर्जी क्यों होती है? (Allergy Causes in Hindi)

 

धूल (Dust)

धूल के कण बहुत छोटे जीव होते हैं जो हमारे- आस पास की ज्यादातर वस्तुओं पर रहते हैं। यह कण उच्च आद्रता में पनपते हैं जो मृत त्वचा, बैक्टीरिया और फंगस आदि से अपना खाना प्राप्त करते हैं।

 

खाना (Food)

कुछ लोगों को रोजमर्रा में खायी जाने वाली चीजों से भी एलर्जी होती है, जैसे मूंगफली, दूध और अंडा आदि। खाद्य पदार्थ से एलर्जी वाले लोगों को खाने के बाद जी मिचलाने, शरीर में खुजली होने या दाने निकलने की समस्या हो सकती है।

खुशबू (Fragrance)

अच्छी खुशबू भले अच्छी लगती हो लेकिन यह भी कुछ लोगों की एलर्जी का कारण हो सकती है। परफ्यूम, खुशबू वाली मोमबत्तियां, कई तरह के ब्यूटी प्रॉडक्ट आदि की खुशबू से सिर दर्द, जी मिचलाने और नाक की एलर्जी हो सकती है।

 

जानवर (Pets)

पालतु जानवर भी कई लोगों की एलर्जी का कारण होते हैं। जानवरों के बाल, उनके मुंह से निकलने वाली लार, रूसी आदि से कई गंभीर परेशानियां हो सकती हैं।

 

घास (Grass)

कई बार घास, पेड़ और फूल भी एलर्जी का कारण होते हैं। यह सब मौसमी एलर्जी का कारण होते हैं, जिनसे खुजली, आंखों में जलन, लगातार छींक आना और खुजली आदि की समस्या हो सकती है।

 

 

एलर्जी के लक्षण क्या क्या है ? (Allergy Symptoms in Hindi)

 

  1. आंख में खुजली होना
  2. आंख का लाल हो जाना
  3. आंख से पानी आना
  4. एग्जिमा और गर्मियों में बुखार
  5. गले में खुजली होना
  6. त्वचा पर खुजली होना
  7. त्वचा पर पित्त उठना
  8. त्वचा पर लाल चकत्ते और दाने होना
  9. नाक के अंदर बार- बार दाने निकलना
  10. नाक में बार-बार खुजली होना
  11. नाक से पानी आना
  12. इन सबसे साथ घबराहट होना

 

 

एलर्जी को कैसे ठीक करें? आयुर्वेदिक उपचार (Prevention of Allergy in Hindi)

 

शहद (Honey)

शहद शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है। रोजाना दो चम्मच शहद का इस्तेमाल शरीर को काफी लाभ पहुंचाता है। सुबह एक गिलास गुनगुने पानी में शहद मिला कर पीने से या दूध में शहद मिला कर पीने से काफी लाभ पहुंचता है।

 

सेब (Apple)

रोजाना एक सेब खाने से इम्यून सिस्टम (immune system) बेहतर होता है और आप एलर्जी से दूर रहते हैं। सेब का जूस भी पीया जा सकता है।

 

हल्दी (Turmeric)

एलर्जी से बचने के लिए हल्दी भी काफी प्रभावशाली है। हल्दी में ताकतवर एंटी ऑक्सीडेंट पाए जाते हैं जो एलर्जी से लड़ने में मदद करते हैं। सुबह एक गिलास गर्म दूध में एक चम्मच हल्दी मिलाकर पीने से काफी लाभ पहुंचता है।

 

लहसून (Garlic)

लहसून भी एक एंटी एलर्जी खाद्य पदार्थ है जिसे अपनी डेली डाइट में शामिल करना आवश्यक है। यह एक एंटी बॉयोटिक, एंटी ऑक्सीडेंट और इम्यूनिटी बढ़ाने वाला खाद्य पदार्थ है। लहसून को सब्जी में डालकर या सुबह खाली पेट एक दो कली पानी के साथ निगलने से काफी फायदा होता है।

इसका उपयोग से ब्लड प्रेशर भी कण्ट्रोल रहता है।

 

नींबू (Lemon)

नींबू में उच्च मात्रा में विटामिन सी और एंटी ऑक्सीडेंट पाया जाता है। नींबू इम्यून सिस्टम को और शक्तिशाली देते है और एलर्जी से दूर रखने में काफी फायदेमंद साबित होता है। अगर आप रोजाना नीम्बू के जूस पी सकते हैं तो ये आपको बहुत फायदा पहुंचाएगा।

 

अदरक (Ginger)

अदरक के सेवन से सांस की बीमारी में आराम मिलता है। ऐसे में यह अस्थमा से संबंधित एलर्जी में काफी आराम पहुंचाता है। रोजाना अदरक का सेवन करने से एलर्जी से राहत पाई जा सकती है। आप डॉक्टर के साथ कंसल्ट करके अदरक के सप्लीमेंट भी ले सकते हैं।

 

ग्रीन टी (Green tea)

ग्रीन टी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाते हैं। इसमें मौजूद थियानीन भी एलर्जी से बचाने में मदद करता है। यदि किसी को ग्रीन टी पसंद न हो तो आप ब्लैक टी भी पी सकते हैं।

 

बादाम (Almond)

बादाम में विटामिन बी, ई, मैग्नीशियम, जिंक, सेलेनियम (selenium) तथा अन्य स्वास्थ्यवर्धक चीजें पाई जाती है। जिस कारण यह तनाव से तो राहत देते ही हैं साथ ही एलर्जी से बचाने में भी मदद करते हैं। रोग प्रतिरोधक क्षमता को तेज कर शरीर और दिमाग को मजबूती देते हैं। बादाम को भून कर या कच्चा भी खाया जा सकता है। यदि ऐसे खाना संभव न हो तो बादाम का पाउडर बनाकर, दूध के साथ खाया जा सकता है।

 

 

एलर्जी को पर्मानेंट्ली कैसे ठीक करें? (Allergy Treatment in Hindi)

 

  1. धूल, धुंआ और गंदगी से बचकर रहें।
  2. कुछ दवाओं जैसे एस्पिरीन, निमुसलाइड आदि के सेवन में सावधानी बरतें।
  3. खट्टी चीजों, जैसे अचार आदि का इस्तेमाल कम करें।
  4. ऐसे खाद्य पदार्थ जिन्हें खाने से एलर्जी है, उन्हें न खाएं। और वो आपको ही पता होगा, क्यूंकि हर किसी को अलग अलग खाद्य पदार्थ से अलग अलग तरह की एलर्जी होती है।
  5. गंदगी से एलर्जी वाले लोगों को समय-समय पर चादर, तकिये के कवर और पर्दे आदि बदलते रहने चाहिए।

 

 

Conclusion

 

तो दोस्तों अगर ऊपर बताये गए चीजों अपने लाइफ में अपनाते हैं तो आप एलर्जी को परमानेंटली ठीक कर सकेंगे।

इससे डरने की कोई जरुरत नहीं है।

तो क्या आपको आज के इस आर्टिकल “Allergy in Hindi | एलर्जी क्या है, कारण, लक्षण और आयुर्वेदिक उपचार” से हेल्प मिला ?

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आपका बहुमूल्य समय देने के लिए दिल से धन्यवाद,

Wish You All The Very Best.

 

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